Sona Ke Tikwa Sona Ke Bali Is Bhojpuri Holi Geet (Kalpana, Manoj Mishra) Lyrics Sung By Kalpana, Manoj Mishra . This Song Is W...
Sona Ke Tikwa Sona Ke Bali Is Bhojpuri Holi Geet (Kalpana, Manoj Mishra) Lyrics Sung By Kalpana, Manoj Mishra. This Song Is Written By Traditional While Music Composed By Lokdhun. It’s Released By Wave Music.
एल्बम: होली खेले नंदलाला (Album: Holi Khele Nandlala)
गायक: कल्पना, मनोज मिश्रा (Singer: Kalpana, Manoj Mishra)
गीतकार: पारंपरिक (Lyrics: Traditional)
संगीतकार: लोकधुन (Music: Lokdhun)
लेबल: वेब म्यूजिक (Label: Wave Music)
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के बाटे नथुनिया हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के बाटे नथुनिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
धूमिल होई सोना के पनिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
धूमिल होई सोना के पनिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
धूमिल होई सोना के पनिया हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के देहब नथुनिया हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के देहब नथुनिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
गढ़वा देब नया नथुनिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
गढ़वा देब नया नथुनिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
गढ़वा देब नया नथुनिया हो
रेशम के लहंगा रेशम के चुनरी
रेशमे ह बाटे शरीरिया हो
रेशम के लहंगा रेशम के चुनरी
रेशमे ह बाटे शरीरिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
भींग जाई रेशम शरीरीया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
भींग जाई रेशम शरीरीया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
भींग जाई रेशम शरीरीया हो
अरे रेशम के लहंगा देबो ए राधा
रेशम के देहब चुनरिया हो
रेशम के लहंगा देबो ए राधा
रेशम के देहब चुनरिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
रंगब रेशम शरीरिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
रंगब रेशम शरीरिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
रंगब रेशम शरीरिया हो
मानो बचनिया हमर कन्हैया
छोड़ देहु मोरा कलैया हो
मानो बचनिया हमर कन्हैया
छोड़ देहु मोरा कलैया हो
बेसी जे तंग करबु कान्हा हमके
जाके कहब तोरी मैया हो
बेसी जे तंग करबु कान्हा हमके
जाके कहब तोरी मैया हो
बेसी जे तंग करबु कान्हा हमके
जाके कहब तोरी मैया हो
मान कहनवां आइल फगुनवा
गजब के सुख राधा पइबु हो
मान कहनवां आइल फगुनवा
गजब के सुख राधा पइबु हो
बिना लगैइले रंग नाहीं छोड़ब
भले कौनो बहाना बनइबु हो
बिना लगैइले रंग नाहीं छोड़ब
भले कौनो बहाना बनइबु हो
बिना लगैइले रंग नाहीं छोड़ब
भले कौनो बहाना बनइबु हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के बाटे नथुनिया हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के बाटे नथुनिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
धूमिल होई सोना के पनिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
धूमिल होई सोना के पनिया हो
हमके ना रंगवा डाल कन्हैया
धूमिल होई सोना के पनिया हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के देहब नथुनिया हो
सोना के टिकवा सोना के बाली
सोना के देहब नथुनिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
गढ़वा देब नया नथुनिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
गढ़वा देब नया नथुनिया हो
फागुन के फाग खेलब राधा तोहसे
गढ़वा देब नया नथुनिया हो
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